Welcome to Saraswathi Vidya Mandir Inter College

विजय बहादुर सिंह

प्रधानाचार्य

हिमालय की उपत्यका में अवस्थित सृष्टि के रचयिता ब्रह्मा की राजधानी, ऋषियों का सम्मेलन स्थल, महाराज लव, राजा प्रसेनजित का शासन क्षेत्र, भर, भार, शिव राजाओं की राजधानी के कारण बहराइच का यह सुरम्य क्षेत्र ब्रह्माइच, बालार्कपुरी, बहराइच सरकार, भरराइच, भड़राइच आदि नामों से जाना गया। यहाँ का नैसर्गिक सौन्दर्य, वन्य सम्पदा, अथाह जलराशि से पूरित नदियों एवं झीलों से अनुपम दिखता है।

प्रबन्धक

महाराजा जनक के गुरू अष्टावक्र एवं बालार्क ऋषि की तपस्थली बहराइच में सरस्वती विद्या मन्दिर इण्टर कालेज अपने छात्रों के अध्ययनशीलता एवं लगन के कारण गौरवान्वित हो रहा है। यथा द्वादश के उत्तीर्ण छात्र अमन यादव, दुर्गेश यादव, अंशुमान शुक्ल, विवेक मिश्र, वरूण शर्मा, सौरभ बाबू, उमेश विश्वकर्मा, दिवाकर राजभर आदि द्वारा इंस्पायर छात्रवृत्ति में रूप में 110 छात्रों को 80,000 रु0 प्रतिवर्ष उच्च शिक्षा हेतु छात्रवृत्ति प्राप्त होती है।

कमलेश कुमार अग्रवाल

आगामी त्योहार 2026 होली – 3 मार्च 2026
चैत्र नवरात्रि प्रारंभ – 19 मार्च 2026
ईद उल फित्र – 20 मार्च 2026 (अनुमानित)
राम नवमी – 26 मार्च 2026
गुड फ्राइडे – 3 अप्रैल 2026
रक्षाबंधन – 29 अगस्त 2026
स्वतंत्रता दिवस – 15 अगस्त 2026
जन्माष्टमी – 3 सितंबर 2026
दशहरा – 20 अक्टूबर 2026
दिवाली – 8 नवंबर 2026
छठ पूजा – 12 नवंबर 2026
क्रिसमस – 25 दिसंबर 2026

विद्या भारती हमारा लक्ष्य

इस प्रकार की राष्ट्रीय शिक्षा-प्रणाली का विकास करना है जिसके द्वारा ऐसी युवा पीढ़ी का निर्माण हो सके, जो हिन्दुत्वनिष्ठ एवं राष्ट्र भक्ति से ओत-प्रोत हो, शारीरिक, प्राणिक, मानसिक, बौद्धिक एवं आध्यात्मिक दृष्टि से पूर्ण विकसित हो तथा जो जीवन की वर्तमान चुनौतियों का सामना सफलतापूर्वक कर सकें, और उसका जीवन ग्रामों, वनों, गिरि कन्दराओं एवं झुग्गी-झोंपड़ियों में निवास करने वाले दीन दुःखी अभाव ग्रस्त अपने बान्धवों को सामाजिक कुरीतियों, शोषण एवं अन्याय से मुक्त कराकर राष्ट्रजीवन को समरस, सुसम्पन्न एवं सुसंस्कृत बनाने के लिए समर्पित हो।

COURSES OFFERED

SCIENCE

COMMERCE

BIOLOGY

SCIENCE

शिक्षा के आँकड़े

0 +

कर्मचारी

0 +

कुल छात्र

0 +

इंटरमीडिएट स्नातक

0

हाईस्कूल स्नातक

About School

पूर्ण प्राकृतिक वातावरण में शहर के व्यस्त एवं कोलाहल पूर्ण वातावरण से दूर नई पानी टंकी,विकास भवन के निकट माधवपुरी, बहराइच।

कक्षा अरुण से पंचम तक सरकार द्वारा मान्यता, विद्यालय को कक्षा 06 से 08 तक 01.05.1987 से 30.06.1990 तक अस्थायी ‘बी’ श्रेणी की मान्यता। विद्यालय को 1990 में जू.हा. ‘बी’ श्रेणी की स्थाई मान्यता, 1999 जू.हा. ‘ए’ श्रेणी की मान्यता तथा मा.शि.पं. उ.प्र., इलाहाबाद द्वारा हाई स्कूल की मान्यता 2001 में, 2008 में हाई स्कूल बालिका की मान्यता 2009 में वैज्ञानिक वर्ग में इण्टरमीडिएट की मान्यता, वाणिज्य वर्ग(इण्टर) की मान्यता 2018 में मिली।

मा.शि.प. उ.प्र. इलाहाबाद द्वारा निर्धारित पाठ्यक्रम।

उ0 प्र0 सरकार द्वारा एवं सरस्वती शिशु मन्दिर प्रकाशन द्वारा निर्धारित पाठ्यक्रम कक्षा 06 से 08 तक

1. राष्ट्रभाषा हिन्दी
2. देवभाषा (संस्कृत)
3. आंग्लभाषा (अंग्रेजी)
4. गणित
5. विज्ञान
6. सामाजिक विषय
7. कला
8. कम्प्यूटर
9. नैतिक शिक्षा
10.शा.शिक्षा कक्षानवम्सेदशम्तक अनिवार्य/वैकल्पिक

1. हिन्दी
2. अंग्रेजी
3. गणित
4. विज्ञान
5. सा.विज्ञान
6. कला / वाणिज्य / संस्कृत कम्प्यूटर
7. नैतिक खेल एवंशा.शिक्षा कक्षा

अनिवार्य विषय:

1. सामान्य हिन्दी
2. खेल एवंशा.शिक्षा

वैकल्पिक विषय:

1. अंग्रेजी
2. भौतिक विज्ञान
3. रसायन विज्ञान
4. गणित/जीव विज्ञान/वाणिज्य

शिक्षा का माध्यम राष्ट्रभाषा हिन्दी है।

सतत एवं व्यापक नवीन मूल्यांकन पद्धति
1.तीन मासिक लिखित परीक्षा के साथ गृहकार्य, स्वाध्याय, सहपाठ्य (प्रयोग/प्रसार)
2.दो सत्रीय परीक्षाएं – केन्द्रीय प्रश्न पत्र की व्यवस्था/प्रोजेक्ट कार्य

संस्कृति भवन, गीता विद्यालय परिसर कुरूक्षेत्र से आयोजित अनिवार्य परीक्षा जो अपनी मातृ भूमि, संस्कृति, परम्परा, धर्म, महापुरूषों से सहज ही छात्रों को जोड़ती है। अन्य विद्यालयों को भी जोड़ने की योजना है।